Discovery of "0"
"देता ना दशमलव भारत तो यूं चांद पे जाना मुश्किल था
धरती और चांद की दूरी का अनुमान लगाना मुश्किल था..!"
भारत को विश्व-गुरू बनवाने वाले महानतम गणीतज्ञ एवं खगोलशास्त्री श्रद्धेय आर्यभट जी का जन्म कुसुमपुर (वर्तमान पटना) के समीप संभावित तिथि 14 अप्रैल 476 ई० में हुआ था (ऐसा बहुतेरे विद्वानों का मानना है)..!!
इतने महान विभूति को भारतीय राजनेताओं ने याद रखना तक मुनासिब नहीं माना क्योंकि (शायद इनका दुर्भाग्य था कि इन्होंने ब्राह्मण परिवार में जन्म लिया था) शायद वोट-बैंक वाली राजनीति में इनका कोई योगदान परिलक्षित नहीं हुआ..!!
इस महान गणितज्ञ एवं विश्व के सर्वश्रेष्ठ खगोलशास्त्री के जन्म दिवस पर हार्दिक नमन, विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित करता हूँ..!!
Comments
Post a Comment